The doors of Shri Madmaheshwar temple are closed for the winters. Will open back in the Spring.
रुद्रप्रयाग।
श्री मद्महेश्वर मंदिर के कपाट शुक्रवार सुबह बंद हो गए।
सुबह चार बजे मंदिर खुलने के बाद श्रद्धालुओं ने भगवान मद्महेश्वर जी के निर्वाण दर्शन किये। पुजारी शिवशंकर लिंग ने कपाट बन्द होने की प्रक्रिया संपन्न की।
भगवान की समाधि पूजा
पूजारी शिवशंकर लिंग ने कपाट बन्द होने से पूर्व भगवान मद्महेश्वर को समाधि पूजा की। भगवान को भस्म, भृंगराज फूल,बाघांबर से ढ़का। कपाट बन्द होने से पूर्व भगवान मद्महेश्वर जी को समाधिरूप दिया गया।
श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति अध्यक्ष अजेंद्र अजय, मंदिर समिति उपाध्यक्ष किशोर पंवार सहित मुख्य कार्याधिकारी योगेन्द्र सिंह ने श्री मद्महेश्वर धाम के कपाट बंद होने के अवसर पर तीर्थयात्रियों को शुभकामनाएं प्रेषित की।
कपाट बंद होने के बाद भगवान मद्महेश्वर जी की चल विग्रह डोली को मंदिर परिसर में लाया गया। इस दौरान भगवान मद्महेश्वर ने अपने भंडार, वर्तनों का निरीक्षण भी किया।
यात्रा कार्यक्रम

